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सीधी - बातचीत ( Interview )
उदयपुर फिल्म सोसाइटी का सफ़र २०१३ में पहले फिल्मोत्सव के साथ शुरू हुआ | हाल ही में हुए तीसरे फिल्मोत्सव जो कि उदयपुर के आर.एन. टी. मेडीकल कॉलेज में हुआ था | उदयपुर शहर की फिल्म सोसाइटी के सयोंजक " श्री शैलेन्द्र प्रताप सिंह भाटी " है | इस फिल्मोत्सव का आयोजन २५, २६, ओर २७ सितम्बर २०१५ को हुआ |
मेरी सहपाठी " जूही मेहता " ने २९ सितम्बर २०१५ को शैलेन्द्र सर का साक्षात्कार लिया जो की मुझे बहुत अच्छा लगा जिसमे जूही मेहता ने शैलेन्द्र सर से फिल्मोत्सव से संबंधित कई तरह के प्रश्न किये जो की निम्न है -
उदयपुर फिल्म सोसाइटी का सफ़र २०१३ में पहले फिल्मोत्सव के साथ शुरू हुआ | हाल ही में हुए तीसरे फिल्मोत्सव जो कि उदयपुर के आर.एन. टी. मेडीकल कॉलेज में हुआ था | उदयपुर शहर की फिल्म सोसाइटी के सयोंजक " श्री शैलेन्द्र प्रताप सिंह भाटी " है | इस फिल्मोत्सव का आयोजन २५, २६, ओर २७ सितम्बर २०१५ को हुआ |
मेरी सहपाठी " जूही मेहता " ने २९ सितम्बर २०१५ को शैलेन्द्र सर का साक्षात्कार लिया जो की मुझे बहुत अच्छा लगा जिसमे जूही मेहता ने शैलेन्द्र सर से फिल्मोत्सव से संबंधित कई तरह के प्रश्न किये जो की निम्न है -
- उदयपुर फिल्म सोसाइटी क्या है और इसका मकसद क्या है ?
- ये सोसाइटी क्या - क्या कर चुकी है ?
- सिनेमा के अलावा हमने सुना है की आप प्ले और पेंटिंग्स भी शामिल करते है तो ये किस तरह के प्ले और पेंटिंगस है ?
- आप लोग पीपल कॉन्ट्रिब्यूशन से फिल्म फेस्ट करते है, ये फिल्म फेस्ट क्या है और ये तरीका क्यों अपनाया ?
- आगे के पांच सालों में उदयपुर फिल्म सोसाइटी को कहाँ देखते है ?
जूही मेहता ने इस तरीके से कई सारे प्रश्न एक - एक करके शैलेन्द्र सर से किये और शैलेन्द्र सर ने इन प्रश्नो के जवाब बड़े ही बखुबी तरीके से दिए | इस तरीके से सीधी - बातचीत कार्यक्रम का समापन हुआ |
My Views -
सबसे पहले में उदयपुर फिल्म सोसाइटी के बारे में बताना चाहूंगी की मुझे उससे बहुत कुछ सिखने को मिला कि फिल्म्स किस तरीके से बनती है और तरह तरह के किरदार का रोल भी देखने को मिला जो अपनी दैनिक जीवन से बहुत मिलती जुलती है |
और मुझे सीधी - बातचीत कार्यक्रम से भी बहुत कुछ सिखने को मिला कि किस तरह से जूही ने शैलेन्द्र सर का साक्षात्कार लिया और शैलेन्द्र सर का जवाब देने का तरीका मुझे बहुत अच्छा लगा एवं मुझे जूही और शैलेन्द्र सर से बहुत प्रेरणा मिली है |


All d best to udaipur film society
ReplyDeleteNice
ReplyDeleteलगे रहो दिव्या
Nice
ReplyDeleteलगे रहो दिव्या